नए साल में Coronavirus की फिर नई चुनौती! डेल्टा से भी तेज बढ़ सकते हैं Omicron के मामले
नई दिल्ली। कोरोना वायरस के नए वैरिएंट Omicron के मामले बढ़ने के साथ ही कोरोना की तीसरी लहर की आशंका भी गहराने लगी है। इसी बीच विशेषज्ञों ने आगाह किया है कि नए साल में एक बार फिर से कोरोना की एक नई चुनौती सामने आ सकती है। नए साल की शुरूआत में जनवरी-फरवरी में नए Omicron के मामले Delta Variant से भी ज्यादा तेजी से बढ़ सकते हैं।
गौरतलब है कि कोरोनावायरस का नया वेरिएंट Omicron दुनिया के 77 देशों में फैल चुका है और ब्रिटेन में इससे एक शख्स की मौत भी हो चुकी है। वहीं भारत में भी अब तक Omicron के करीब 64 मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे में नए साल के शुरूआती दो महीने में संक्रमण के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी होने की आशंका जताई जा रही है।
कोरोनावायरस के नए Omicron Variant के कारण दुनियाभर में एक बार फिर से दहशत का माहौल बनता जा रहा है। दक्षिण अफ्रीका से लेकर ब्रिटेन तक में Omicron के नए केस तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी बीच एक्सपर्ट ने चेतावनी दी है कि नए साल के शुरूआती दो महीने में Omicron के मामले के डेल्टा वेरिएंट की तुलना में तेजी से फैल सकते हैं।
ब्रिटेन में पिछले 24 घंटे में कोरोना के 59 हजार 610 केस सामने आए हैं, जो कि 9 जनवरी के बाद सबसे ज्यादा हैं। वहीं, ब्रिटेन में पिछले 24 घंटे में 150 से ज्यादा मौतें हुईं है और यहां कोरोना से संक्रमित हर रोज करीब 811 लोग हॉस्पिटल में भर्ती हो रहे हैं। ब्रिटेन के अस्पतालों में अभी 7 हजार 400 मरीज भर्ती हैं। हालांकि, जनवरी की तुलना में इसमें कमी आई है, क्योंकि उस वक्त करीब 39 हजार लोग अस्पताल में भर्ती थे। अभी ओमिक्रॉन से संक्रमित सिर्फ 10 लोग अस्पताल में भर्ती हैं।
ब्रिटेन के स्वास्थ्य मंत्री साजिद जाविद ने कहा कि ओमिक्रॉन वैरिएंट काफी संक्रामक है। हालांकि, अभी तक यह अन्य वेरिएंट की तुलना में कम गंभीर साबित हुआ है, लेकिन अगर यह अनियंत्रित हो जाता है, तो अस्पतालों में भर्ती होने वालों की संख्या बढ़ जाएगी। उधर, ओमिक्रॉन के खतरे को देखते हुए ब्रिटेन में सभी व्यस्कों को दिसंबर के आखिरी तक बूस्टर डोज लगाने का भी लक्ष्य रखा गया है।
बता दें कि कोरोना के नए वेरिएंट ओमीक्रोन के भारत में अब तक 64 मामले दर्ज किए गए हैं, जिनमें सबसे ज्यादा महाराष्ट्र में 28 मामले दर्ज किए गए हैं। देश की राजधानी दिल्ली में ओमीक्रोन के 6 केस मिले हैं। वहीं राजस्थान में 17 और गुजरात में भी ओमीक्रोन के 4 मामले मिले हैं। कर्नाटक में 3, केरल और आंध्रप्रदेश में 1-1, तेलंगाना में 3 और चंडीगढ़ में 1 मामला सामने आया है।
उधर, विश्व स्वास्थ्य संगठन WHO ने कहा है कि 77 देशों ने अब तक ओमीक्रॉन के मामलों की पुष्टि की है, जबकि वास्तविकता यह है कि ओमिक्रॉन इससे भी ज्यादा देशों में है। ओमिक्रॉन उस दर से फैल रहा है, जिसे हमने पिछले किसी वैरिएंट के साथ नहीं देखा। OMICRON का प्रसार शुरुआत से अब तक अपनाए गए सभी उपायों से ही रोका जा सकता है। इसे बहुत जल्द गंभीरता से लागू करना चाहिए। अकेले वैक्सीन से कोई देश इस संकट से बाहर नहीं निकल पाएगा।
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